SAIL NJCS Meeting 2023: नाइट शिफ्ट एलाउंस, 39 माह का बकाया एरियर और ठेका मजदूरों पर इसी महीने बैठक
एनजेसीएस सदस्य व एचएमएस बोकारो के नेता राजेंद्र सिंह ने अप्रैल में ही मीटिंग होने का दावा किया है। सूचनाजी न्यूज, भिलाई। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (Steel Authority of India Limited) के अधिकारियों को पीआरपी की दूसीर किस्त मिल गई है। अब कर्मचारियों-अधिकारियों के 39 माह के बकाया एरियर की बारी आ रही है। एनजेसीएस (NJCS) इसी माह कराने की बात प्रबंधन की तरफ से स्वीकारी गई है। ये खबर भी पढ़ें: FY 2022-23: भिलाई स्टील प्लांट ने भारतीय रेलवे को भेजी 260 मीटर लंबी 1000 रेक रेल पटरी इसी मीटिंग में सेल
- एनजेसीएस सदस्य व एचएमएस बोकारो के नेता राजेंद्र सिंह ने अप्रैल में ही मीटिंग होने का दावा किया है।
सूचनाजी न्यूज, भिलाई। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (Steel Authority of India Limited) के अधिकारियों को पीआरपी की दूसीर किस्त मिल गई है। अब कर्मचारियों-अधिकारियों के 39 माह के बकाया एरियर की बारी आ रही है। एनजेसीएस (NJCS) इसी माह कराने की बात प्रबंधन की तरफ से स्वीकारी गई है।
इसी मीटिंग में सेल कर्मचारियों के लिए 39 माह के बकाया एरियर, नाइट एलाउंस और ठेका मजदूरों के वेतन का मामला हल कराने का दावा किया जा रहा है। सेल के डायरेक्टर पर्सनल केके सिंह और डायरेक्टर फाइनेंस एके तुल्सयानी बैठक में मौजूद रहेंगे।
सेल (SAIL)अधिकारियों को पीआरपी का भुगतान होने के बाद कर्मचारियों के बकाया आदि मुद्दे सोशल मीडिया पर खूब छा रहे हैं। हर कोई प्रबंधन और यूनियन को कोस रहा है। Suchnaji.com ने इस बाबत एनजेसीएस सदस्य व एचएमएस बोकारो के नेता राजेंद्र सिंह से बातचीत की। राजेंद्र सिंह ने कर्मचारियों की नाराजगी को जायज ठहराते हुए कहा कि सेल प्रबंधन ने अब स्पष्ट कर दिया है कि इसी माह मीटिंग होगी।
इसकी तारीख किसी दिन भी घोषित कर दी जाएगी। पिछले सप्ताह रांची में सेफ्टी पर कार्यक्रम था, अब कोलकाता में पेंशन ट्रस्ट की मीटिंग हो रही है। सेल प्रबंधन ने जानकारी दी है कि दो कार्यक्रम की वजह से एनजेसीएस मीटिंग अप्रैल प्रथम सप्ताह में नहीं कराई जा सकी। लेकिन, अब कर्मचारियों के मुद्दे को हल करने के लिए मीटिंग बुलाने की तैयारी चल रही है।
राजेंद्र सिंह ने बताया कि एनजेसीएस मीटिंग में ही 39 माह का बकाया एरियर, नाइट शिफ्ट एलाउंस, ठेका मजदूरों का मामला हल होगा। बकाया एरियर को लेकर प्रबंधन की तरफ से पूर्व में प्रस्ताव आया था कि अगर, 2 हजार करोड़ प्रॉफिट होता है तो 600 करोड़, 6 हजार करोड़ प्रॉफिट होने पर एकमुश्त राशि दे दी जाएगी। राजेंद्र सिंह ने कहा-सेल प्रबंधन के इसी फॉर्मूले पर अमल किया जाए तो कर्मचारियों को 700-800 करोड़ रुपए दे दिया जाना चाहिए।