Vizag Steel Plant: RINL में भीषण हादसा, झुलसे 15 कर्मचारी, 8 की मौत, 6 जिंदगी और मौत से जूझ रहे

सूचनाजी न्यूज, विशाखापट्टनम। राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (आरआईएनएल) के स्टील मेल्टिंग शॉप-1 (एसएमएस-1) में सोमवार दोपहर एक बेहद भयावह औद्योगिक हादसा हो गया। हॉट मेटल लेडल से अचानक पिघला हुआ कर्मचारियों की ओर बढ़ गया, जिससे वहां मौजूद 15 कर्मचारी इसकी चपेट में आ गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे में 8 कर्मचारियों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 5 अन्य गंभीर रूप से झुलस गए हैं। घायलों की हालत नाजुक बताई जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोपहर करीब 3:30 बजे हुए इस हादसे के बाद पूरे संयंत्र क्

सूचनाजी न्यूज, विशाखापट्टनम। राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (आरआईएनएल) के स्टील मेल्टिंग शॉप-1 (एसएमएस-1) में सोमवार दोपहर एक बेहद भयावह औद्योगिक हादसा हो गया। हॉट मेटल लेडल से अचानक पिघला हुआ कर्मचारियों की ओर बढ़ गया, जिससे वहां मौजूद 15 कर्मचारी इसकी चपेट में आ गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे में 8 कर्मचारियों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 5 अन्य गंभीर रूप से झुलस गए हैं। घायलों की हालत नाजुक बताई जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोपहर करीब 3:30 बजे हुए इस हादसे के बाद पूरे संयंत्र क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। घटनास्थल पर चीख-पुकार गूंज उठी और कर्मचारी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। बताया जा रहा है कि जिस समय हादसा हुआ, उस दौरान वहां कुल 15 कर्मचारी कार्यरत थे। ये खबर भी पढ़ें: SAIL Board Decision 2026: मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारा, चर्च का लीज नवीनीकरण सिर्फ ₹1 में, हाउस लीज का 10%, व्यापारियों का 25% पिघले लोहे की चपेट में आए कर्मचारी सूत्रों के मुताबिक हॉट मेटल लेडल से अत्यधिक तापमान वाला पिघला हुआ धातु अचानक बाहर निकल गया। देखते ही देखते धातु का बहाव कार्यस्थल तक पहुंच गया और वहां मौजूद कर्मचारी इसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना भयावह था कि कई कर्मचारियों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। मृतकों में 8 नियमित कर्मचारी और 2 ठेका मजदूर बताए जा रहे हैं। हादसे के तुरंत बाद बचाव अभियान शुरू किया गया और घायलों को तत्काल आसपास के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया। ये खबर भी पढ़ें: Vizag Steel Plant: RINL में भीषण हादसा, झुलसे 15 कर्मचारी, 10 की मौत, 5 जिंदगी और मौत से जूझ रहे अस्पतालों में अलर्ट, पांच की हालत बेहद गंभीर घटना में गंभीर रूप से झुलसे पांच कर्मचारियों का इलाज अस्पतालों में जारी है। चिकित्सकों के अनुसार सभी की हालत चिंताजनक बनी हुई है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रशासन को भी अलर्ट पर रखा गया है। काम के दबाव को लेकर उठे सवाल हादसे के बाद कर्मचारियों के बीच भारी आक्रोश देखा जा रहा है। सूत्रों का दावा है कि कर्मचारियों से लगातार 12-12 घंटे की शिफ्ट में काम कराया जा रहा था और उत्पादन का दबाव भी अधिक था। ऐसे में सुरक्षा मानकों और कार्यस्थल की परिस्थितियों को लेकर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। ये खबर भी पढ़ें: SAIL ने FY27 के लिए तय की नई रणनीति, स्पेशल स्टील, कॉस्ट कंट्रोल पर फोकस, पढ़ें CMD अशोक पंडा की प्लानिंग जांच की मांग तेज इतने बड़े हादसे के बाद संयंत्र की सुरक्षा व्यवस्था, हॉट मेटल हैंडलिंग सिस्टम और कार्यस्थल पर अपनाए जा रहे सुरक्षा मानकों की जांच की मांग उठने लगी है। कर्मचारी संगठनों ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर कार्रवाई और पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा देने की मांग की है। ये खबर भी पढ़ें: SAIL Transfer Order 2026: सीजीएम बोकारो का रांची ट्रांसफर, CET Ranchi के चीफ जनरल मैनेजर पर ये फैसला फिलहाल प्रबंधन की ओर से आधिकारिक रूप से मृतकों और घायलों की संख्या की पुष्टि नहीं की गई है। हादसे के कारणों की जांच जारी है। बता दें कि यह समाचार उपलब्ध प्रारंभिक सूचनाओं के आधार पर है। आधिकारिक पुष्टि के बाद आंकड़ों और तथ्यों को अपडेट किया जाएगा।