- MSME सुझाव समिति की प्रथम बैठक में बीएसपी एंसिलरी इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की ओर से रखे कई सुझाव।
सूचनाजी न्यूज, भिलाई। MSME सुझाव समिति की प्रथम बैठक उद्योग भवन, रायपुर में हुई। बैठक में बीएसपी एंसिलरी इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष रतन दासगुप्ता ने समिति में सदस्य के रूप में मनोनीत किए जाने पर आभार व्यक्त करते हुए अपने कई सुझाव समिति के समक्ष रखे।
उन्होंने स्थानीय उद्योगों के समग्र विकास के लिए एक पृथक पॉलिसी लाने, वर्तमान दर पर लीज रेंट लिए जाने, बिजली दर में छूट, प्रदेश के मध्यम और वृहद उद्योगों द्वारा स्थानीय उद्योगों से खरीदारी करने, नवीनीकरण आवेदन एक माह के भीतर पूर्ण करने तथा नगर निगम द्वारा निर्यात कर के लिए भेजे गए नोटिस को वापस लेने जैसे कई महत्वपूर्ण सुझाव रखें।
रतन दासगुप्ता ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य स्टील सब के रुप में जाना जाता है, जिसकी मुख्य रीढ़ “भिलाई इस्पात संयंत्र” है। भिलाई इस्पात संयंत्र को उनके मशिनरी में उपयोग आने वाले कल पुर्जे, इक्विपमेंट की आपूर्ति हम एंसीलरी इंडस्ट्रीज जो कि छत्तीसगढ़ के विभिन्न शहरों में स्थित हैं, के द्वारा किया जाता है। हमारे सहयोगी उद्योगों का स्थानीय निवासियों को रोजगार उपलब्ध कराने में भी महत्वपूर्ण योगदान है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में सूक्ष्म (Micro) एवं मध्यम (Medium) उद्योगों हेतु एक संयुक्त पॉलिसी प्रभावी है। उनका सुझाव है कि सूक्ष्म उद्योगों के लिए एक पृथक पालिसी लायी जावे ताकि सुक्ष्म उद्योगों का समग्र विकास व उनकी जरूरी आवश्यकताओं की पूर्ति हो सके।
सूक्ष्म उद्योगों के हित में संशोधन एवं छूट का प्रस्ताव प्रस्तुत करते हुए उन्होंने कहा कि सूक्ष्म उद्योगों के रक्त संबंधित संगठनात्मक बदलाव पर अगले दस वर्षों तक लीज रेंट वर्तमान दर पर ही ली जाए।
सूक्ष्म उद्योगों को स्टाम्प ड्यूटी से पूर्णतः मुक्त किया जावे। सूक्ष्म उद्योगों को दी जाने वाली बिजली की दर में ₹2/- प्रति यूनिट की छूट प्रदान की जाए।
श्री दासगुप्ता ने कहा कि खरीदी की अनिवार्यता: छत्तीसगढ़ में स्थापित मध्यम एवं वृहद उद्योगों (निजी और सरकारी दोनों क्षेत्रों) द्वारा, पब्लिक सेक्टर के उद्योगों की तर्ज पर स्थानीय सूक्ष्म उद्योगों से खरीदी अनिवार्य की जाए।
नगरनार (जगदलपुर) इस्पात संयंत्र द्वारा भी कल पूर्जे की खरीदी भिलाई इस्पात संयंत्र की भांति छत्तीसगढ़ प्रदेश के सूक्ष्म उद्योगों से की जाए। उन्होंने कहा कि भिलाई इस्पात संयंत्र के एंसीलरी इंडस्ट्रीज इस्पात संयंत्र में उपयोग आने वाले कल पूर्जे के निर्माण में अनुभवी हैं जो कि नगरनार स्टील प्लांट के लिए अतिरिक्त सुविधा होगी।
श्री दासगुप्ता ने कहा कि अनुदान या छूट के ऑनलाइन आवेदनों की अद्यतन स्थिति और वह किस अधिकारी के पास लंबित है, यह आवेदक को ऑनलाइन पोर्टल पर स्पष्ट दिखने की व्यवस्था की जाए। जिन उद्योगों की लीज अवधि पूर्ण हो चुकी है, उनके नवीनीकरण आवेदन का निपटारा 30 दिनों के भीतर किया जावे।भिलाई औद्योगिक क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट और नालियों की गंभीर समस्याओं का त्वरित समाधान किया जाए।
श्री दासगुप्ता ने कहा कि नगर निगम द्वारा जारी किए जा रहे निर्यात कर जैसे दोहरे करारोपण के नोटिसों को तत्काल निरस्त करवाया जाए । समिति के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल सहित अन्य पदाधिकारियों से सहयोग की अपेक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि उपरोक्त बिंदुओं पर चर्चा कर उचित निर्णय लेने की कृपा करें ताकि राज्य के सूक्ष्म उद्योगों को नई गति मिल सके।














