- सेल राउरकेला स्टील प्लांट में ‘रोशनी’ कार्यशाला, सेवानिवृत्ति से पहले कर्मचारियों को दी गई नई जिंदगी की तैयारी।
- अंतिम सेटलमेंट की प्रक्रिया, रिटायरमेंट के बाद वित्तीय प्रबंधन, वित्तीय सुरक्षा योजना पर महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
सूचनाजी न्यूज, राउरकेला। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के राउरकेला स्टील प्लांट (RSP) में सेवानिवृत्ति के करीब पहुंच रहे कर्मचारियों को नई जीवन यात्रा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से प्री-रिटायरमेंट कर्मचारी सशक्तिकरण कार्यशाला ‘रोशनी’ का आयोजन CPTI में किया गया।
कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में सीजीएम (CES) डी.के. साहू मुख्य अतिथि तथा जीएम (CED) एस.आर. पति विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस कार्यशाला में संयंत्र के 50 कर्मचारियों ने भाग लिया, जिनमें एक अधिकारी भी शामिल थे, जो मार्च 2026 में सेवानिवृत्त होने वाले हैं।
कार्यशाला के दौरान सेवानिवृत्ति के बाद के जीवन को सहज और संतुलित बनाने से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों ने मार्गदर्शन दिया। डॉ. शिवालकर, अतिरिक्त सीएमओ (मेडिकल) ने स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों और सेवानिवृत्ति के बाद स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के उपायों पर विस्तार से चर्चा की।
डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा के महत्व को बताते हुए वी.पी. आर्य, डीजीएम (C&IT) ने इंटरनेट के फायदे और साइबर खतरों से बचाव के तरीकों की जानकारी दी, ताकि कर्मचारी अपनी डिजिटल पहचान को सुरक्षित रख सकें।
वित्तीय सत्र में डी.के. दाश, डिप्टी मैनेजर (फाइनेंस एंड अकाउंट्स) ने अंतिम सेटलमेंट की प्रक्रिया और रिटायरमेंट के बाद वित्तीय प्रबंधन के बारे में बताया, जबकि पी.सी. साहू, एजीएम (फाइनेंस एंड अकाउंट्स) ने वित्तीय सुरक्षा योजना पर महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
इसके अलावा डॉ. पी.के. पाधी, इंचार्ज (SPP) ने सकारात्मक सोच के साथ जीवन के नए चरण को अपनाने पर चर्चा की। संगठन के क्वार्टर खाली करने और रिटेंशन से जुड़ी नीतियों की जानकारी भरत महांता, डिप्टी मैनेजर (टाउन सर्विसेज) ने दी, जबकि अविनाश, एजीएम (HR-EA, G, ER & C) ने सेल मेडिक्लेम योजना के बारे में बताया।
कार्यक्रम की शुरुआत में एस.पी. माझी, असिस्टेंट मैनेजर (HR-ER & C) ने अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत किया तथा एचआर-ईआर टीम के साथ मिलकर कार्यक्रम का समन्वय किया।
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को सकारात्मक सोच, उत्साह और बेहतर तैयारी के साथ जीवन के नए अध्याय की शुरुआत के लिए सक्षम बनाना था।
















