- बीएसपी प्रबंधन ने एक बार सभी यूनियनों से सहमति पत्र मांगा था। जिस पर बीएकेएस और सीटू ने सहमति पत्र दिया था।
सूचनाजी न्यूज, भिलाई। सेल भिलाई स्टील प्लांट में यूनियन चुनाव कराने की मांग को लेकर कानूनी लड़ाई शुरू कर दी गई है। बीएकेएस ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में मुकदमा दायर किया है। मुकदमे की फाइलिंग और लिस्टिंग हो गई है।
जल्द सूनवाई शुरू होने की उम्मीद है। गौरतलब है कि भारतीय मजदूर संघ समर्थित भिलाई इस्पात मजदूर संघ का पिछला कार्यकाल 25.09.2024 को समाप्त हो गया है। जिसके बाद भिलाई इस्पात संयंत्र में कोई भी यूनियन रिकॉगनाईज्ड नहीं है।
इसके कारण सेल प्रबंधन से एनजेसीएस स्तर तथा भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन स्तर पर कर्मचारियों के मुद्दे पर वार्ता करने के लिए प्रतिनिधि यूनियन नहीं है। इसका फायदा भिलाई इस्पात संयंत्र प्रबंधन उठा रही है।
बीएसपी कर्मचारियों के अटके प्रमुख मुद्दे
1 . वेज रीविजन एमओए नहीं होना।
2 . पर्क्स तथा फिटमेंट एरियर
3 . इंसेंटीव फॉर्मूले में संशोधन
4 . छूट्टियों की संख्या में वृद्धि
5 . स्थानीय स्तर पर कमेटी /काउंसिल का गठन
6 . बोनस फॉर्मूला में संशोधन
7 . नॉन स्टैचुअरी लाभ को संशोधित करवाना।
8 . एनजेसीएस में सिर्फ निर्वाचित नेताओं को सदस्य बनाना।
यूनियन चुनाव का नियम
फूड कारपोरेशन निगम के मामले में सर्वोच्च न्यायालय ने फैसला दिया था कि अगर एक यूनिट में एक से अधिक ट्रेड यूनियन सक्रिय हैं तो प्रतिनिधि यूनियन का निर्णय हमेशा सेक्रेट बैलेट इलेक्शन के माध्यम से होगा। उसी के आधार पर सेल के भिलाई, राउरकेला, सलेम इस्पात संयंत्र में चुनाव होते आया है। बर्नपुर इस्पात संयंत्र में चुनाव कराने के लिए कोलकाता उच्च न्यायालय ने आदेश जारी किया है।
इसलिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा
बीएसपी प्रबंधन ने एक बार सभी यूनियनों से सहमति पत्र मांगा था। जिस पर बीएकेएस और सीटू ने सहमति पत्र दिया था। बीएकेएस ने सेक्रेट बैलेट इलेक्शन के तहत यूनियन चुनाव कराने के लिए कई बार सीएलसी, डीएलसी रायपुर तथा निदेशक प्रभारी भिलाई इस्पात संयंत्र को पहले पत्र लिखा था। लेकिन सकारात्मक पहल नहीं होते देखकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाया गया है।
प्रबंधन के साथ साँठ गाँठ कर यूनियन राजनीति करने का दौर समाप्त हो गया है। पढ़े लिखे कर्मियों का नेतृत्व उनके बीच के ही कर्मचारी करेंगे।
अमर सिंह-अध्यक्ष, बीएकेएस भिलाई
आईडी एक्ट 1947 तथा औद्योगिक श्रम संहिता 2020 का पुर्णतः अनुपालन कराना ही बीएकेएस का लक्ष्य है, जिसके तहत श्रम सरकार का गठन विभिन्न कमेटी काउंसिल के माध्यम से कराया जाएगा।
किशोर कुमार साहु-महासचिव, बीएकेएस भिलाई



















