राउरकेला स्टील प्लांट पहुंचे सेल CMD: हर कर्मचारी सुरक्षित घर लौटे, उत्पादन से पहले सुरक्षा जरूरी: डॉ. अशोक कुमार पंडा

SAIL CMD का बड़ा संदेश: ‘हर कर्मचारी सुरक्षित घर लौटे’, RSP में सुरक्षा पर 6 फोकस एरिया सूचनाजी न्यूज, राउरकेला। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर (CMD) डॉ. अशोक कुमार पंडा ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि हर कर्मचारी का हर दिन सुरक्षित घर लौटना सेल की पहली और स

  • SAIL CMD का बड़ा संदेश: ‘हर कर्मचारी सुरक्षित घर लौटे’, RSP में सुरक्षा पर 6 फोकस एरिया
सूचनाजी न्यूज, राउरकेला। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर (CMD) डॉ. अशोक कुमार पंडा ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि हर कर्मचारी का हर दिन सुरक्षित घर लौटना सेल की पहली और सर्वोच्च प्राथमिकता है। उत्पादन और मुनाफा महत्वपूर्ण हैं, लेकिन सुरक्षा से किसी भी कीमत पर समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता। भिलाई स्टील प्लांट के दौरे के बाद रविवार को सीएमडी राउरकेला स्टील प्लांट (RSP) पहुंचे। मंथन कॉन्फ्रेंस हॉल में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के दौरान CMD ने कहा कि उत्पादन या मुनाफे का कोई भी स्तर असुरक्षित तरीके से किए गए काम को सही नहीं ठहरा सकता। उन्होंने सुरक्षा नियमों के पालन में किसी भी तरह की लापरवाही और शॉर्टकट को गंभीरता से लेने की जरूरत बताई। बैठक में राउरकेला स्टील प्लांट के डायरेक्टर इंचार्ज आलोक वर्मा के साथ एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, चीफ जनरल मैनेजर और विभिन्न विभागों के प्रमुख मौजूद रहे। ये खबर भी पढ़ें: सीएमडी साहब…भिलाई टाउनशिप में पाठ नहीं, गाज गिराने की जरूरत, बदहाल टाउनशिप से गुस्से में कर्मी, रेल मिल सीजीएम को घेरा ठेका श्रमिक से लेकर HOD तक, सुरक्षा की जिम्मेदारी सभी की CMD डॉ. अशो कुमार पंडा ने कहा कि सुरक्षा केवल सेफ्टी विभाग की जिम्मेदारी नहीं है। ठेका श्रमिकों से लेकर विभागाध्यक्षों तक प्रत्येक स्तर पर सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी होगी। सुरक्षा मानकों से किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने छह प्रमुख क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत बताई। इसके बाद बैठक में मौजूद अधिकारियों और वरिष्ठ नेतृत्व ने सभी छह मोर्चों पर पूरी जिम्मेदारी और सतर्कता के साथ काम करने की शपथ ली। उन्होंने बिना शॉर्टकट अपनाए और बिना किसी अपवाद के सुरक्षा नियमों का पालन करने तथा अपने सहकर्मियों की सुरक्षा और कल्याण सुनिश्चित करने का संकल्प लिया। ये खबर भी पढ़ें: Breaking News: नई कोक ओवन बैटरी बना रही ठेका कंपनी पर एक्शन, SAIL ने रोका है पैसा, CMD एके पंडा पहुंचे रहे भिलाई स्टील प्लांट, पढ़िए डिटेल सुरक्षा मजबूत होगी तो उत्पादन अपने आप बढ़ेगा CMD डॉ. पंडा ने कहा कि यदि सुरक्षा, मेंटेनेंस और डिजिटलीकरण मजबूत और बेहतर स्तर पर होंगे, तो उत्पादन में स्वाभाविक रूप से सुधार आएगा। उन्होंने RSP के अधिकारियों और कर्मचारियों को हाई-एंड वैल्यू एडेड स्टील उत्पादों का उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया। ऐसे उत्पादों से बेहतर मार्जिन हासिल किया जा सकता है। इसके साथ ही उन्होंने डीकार्बोनाइजेशन, उपकरणों की बेहतर सेहत और डिस्पैच व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने की जरूरत भी बताई। ये खबर भी पढ़ें: कनाडा में छाया SAIL का नाम, ISP बर्नपुर के AGM कुंतल दास ने जीता गोल्ड अधिकारियों से सीधे संवाद, समस्याओं पर हुई चर्चा बैठक के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संवाद सत्र भी हुआ। इसमें अधिकारियों की ओर से विभिन्न मुद्दे और विषय CMD के सामने रखे गए। डॉ. पांडा ने इन पर चर्चा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। RSP के डायरेक्टर इंचार्ज आलोक वर्मा ने CMD के मार्गदर्शन के लिए उनका आभार जताया और कहा कि दिए गए दिशा-निर्देशों का गंभीरता और पूरी निष्ठा के साथ पालन सुनिश्चित किया जाएगा। ये खबर भी पढ़ें: CGM ब्लास्ट फर्नेस मनोज कुमार का बढ़ा कद, सीजीएम मैकेनिकल का ट्रांसफर, पढ़ें कौन-किसे करेगा रिपोर्ट प्लांट की प्रमुख यूनिटों का किया निरीक्षण गौरतलब है कि CMD डॉ. अशोक कुमार पांडा 27 सितंबर की सुबह राउरकेला पहुंचे। एयरपोर्ट पर डायरेक्टर इंचार्ज आलोक वर्मा और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद CMD ने डायरेक्टर इंचार्ज और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ राउरकेला स्टील प्लांट की विभिन्न प्रमुख यूनिटों का दौरा किया। उन्होंने न्यू प्लेट मिल, SMS-2 और ब्लास्ट फर्नेस-5 का निरीक्षण किया तथा संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों से बातचीत की। ये खबर भी पढ़ें: इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मेटल्स-IIM: भिलाई स्टील प्लांट को मिला अमेरिकी एक्सपर्ट से टिप्स, पढ़ें सुरक्षा का संदेश सिर्फ बैठक तक सीमित न रहे CMD का संदेश ऐसे समय में महत्वपूर्ण है, जब बड़े औद्योगिक संयंत्रों में उत्पादन के साथ-साथ सुरक्षा को लेकर लगातार सतर्कता की जरूरत रहती है। मशीनों, भारी उपकरणों और उच्च तापमान वाले कार्यक्षेत्रों में एक छोटी-सी लापरवाही भी गंभीर हादसे में बदल सकती है। इसलिए सुरक्षा नियमों का पालन केवल निरीक्षण या बैठक के समय नहीं, बल्कि हर शिफ्ट, हर कार्यस्थल और हर कर्मचारी के लिए रोज की आदत बनना जरूरी है। ये खबर भी पढ़ें: जर्जर आवासों से शिफ्टिंग करने 2 दिन की छुट्टी और 5 हजार काफी नहीं, BUMS बोला- फौरन दें D-टाइप आवास संदेश साफ है-उत्पादन जरूरी है, लेकिन सुरक्षित उत्पादन उससे भी ज्यादा जरूरी है। हर कर्मचारी काम पर आए और सुरक्षित अपने परिवार के पास वापस लौटे, यही किसी भी औद्योगिक संगठन की सबसे बड़ी सफलता होनी चाहिए। ये खबर भी पढ़ें: BSP News: गरीब मज़दूरों के वेतन से भद्दा मज़ाक कर रहे ठेकेदार, नहीं दे रहे मजदूरी, इंटक ने दिलाया पैसा