ड्यूटी जाते समय BSP कर्मी सड़क हादसे में घायल, हेलमेट ने बचाई जान, एंबुलेंस से पहले घर वाले पहुंचे, ले गए अस्पताल

BSP Worker Injured in Road Accident Helmet Saves Life Ambulance System Questioned
  • कार और बाइक में टक्कर हुई है। कार और बाइक दोनों क्षतिग्रस्त हो गए है।

सूचनाजी न्यूज, भिलाई। Steel Authority of India Limited के Bhilai Steel Plant में कार्यरत एक कर्मचारी गुरुवार सुबह ड्यूटी के लिए जाते समय सड़क हादसे में घायल हो गए। घटना फर्स्ट शिफ्ट के दौरान बोरिया गेट के आगे फॉरेस्ट एवेन्यू स्थित घनश्याम पान ठेले के पास हुई। घायल कर्मी सिंटरिंग प्लांट के ठाकुर बताए जा रहे हैं। वहीं, कार चालक चालक खुद को दमकल कर्मी बता रहे थे।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कर्मचारी हेलमेट पहने हुए था, जिससे उसकी जान बच गई, हालांकि वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के तुरंत बाद सुबह 5:46 बजे उसके मोबाइल से परिजनों को सूचना दी गई। हादसा देख ड्यूटी जा रहे  सीटू महासचिव टी. जोगा राव रुक गए। उन्होंने 5:48 बजे मेन मेडिकल पोस्ट को फोन कर एंबुलेंस की मांग की।

करीब 5:52 बजे एंबुलेंस चालक का कॉल आया, लेकिन तब तक घायल कर्मचारी का बेटा-बेटी मौके पर कार लेकर पहुंच चुके थे और घायल को सेक्टर-9 अस्पताल ले गए। एंबुलेंस को वहां पहुंचने के लिए मुर्गा चौक, सेंट्रल एवेन्यू होते हुए बीएसएनल चौक से उसे बोरिया गेट आकर वहां पहुंचतना था। इसलिए समय लगा।

इस घटना के बाद संयंत्र की आपातकालीन व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। बताया गया कि दुर्घटनास्थल तक पहुंचने में एंबुलेंस को कम से कम 10 मिनट का समय लग सकता है, क्योंकि फायर ब्रिगेड के सामने हाईट बैरियर और मार्ग की जटिलता के कारण उसे लंबा रास्ता तय करना पड़ता है। इससे पहले भी ऐसी स्थितियां सामने आ चुकी हैं, जो गंभीर चिंता का विषय हैं।

एक अन्य चिंताजनक पहलू यह भी रहा कि हादसे के समय फर्स्ट शिफ्ट में जाने वाले कई कर्मचारी उस मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन अधिकांश लोग रुककर मदद नहीं करते। गुरुवार को भी यही स्थिति देखने को मिली। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बायोमेट्रिक उपस्थिति की जल्दबाजी में लोग घायल साथी की मदद करने से कतराते रहे।

कर्मचारियों ने प्रबंधन से मांग की है कि ऐसे मामलों में मदद करने वाले कर्मियों को प्रोत्साहित किया जाए, ताकि भविष्य में कोई भी घायल को सड़क पर तड़पता छोड़कर आगे न बढ़े। साथ ही, एंबुलेंस और आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली को और अधिक त्वरित और प्रभावी बनाने की आवश्यकता जताई गई है।