पढ़ाई के नाम पर लूटपाट केंद्र खोलकर बैठे प्राइवेट स्कूल, कांग्रेसी पार्षद ने खोला मोर्चा, जिला प्रशासन को चेतावनी, मुख्यमंत्री से शिकायत

Private Schools Have Opened Centers of Loot in the Name of Education
  • भिलाई नगर निगम के महापौर परिषद के प्रभारी सदस्य, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश महामंत्री एवं पूर्व निगम के नेता प्रतिपक्ष सीजू एन्थोनी ने प्रशासन को झकझोरा।

सूचनाजी न्यूज, भिलाई। पढ़ाई के नाम पर लूटपाट केंद्र खोलकर बैठे प्राइवेट स्कूलों पर लगाम लगाने की मांग की गई है। जिला प्रशासन से सख्त कदम उठाने की आवाज कांग्रेसी पार्षद ने उठाई है। भिलाई नगर निगम के महापौर परिषद के प्रभारी सदस्य, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश महामंत्री एवं पूर्व निगम के नेता प्रतिपक्ष सीजू एन्थोनी ने जिला प्रशासन से मांग की है कि निजी शालाओं द्वारा नए शिक्षा सत्र मे पालको से अंधा धुंध धन वसूली की जा रही है, जिसकी सूचना जिला प्रशासन को होने के बावजूद कुम्भकर्ण नींद टूट नहीं रही है। वहीं, क्षेत्र के शिक्षा माफियाओं द्वारा मजबूर पालकों से नियम विरुद्ध शैक्षणिक फीस के अलावा अन्य फीस वसूले जा रहे हैं।

री एडमिशन, शाला विकास, बिल्डिंग फी आदि नाम से धन उगाही हो रही। सीजू एन्थोनी ने जिला शिक्षा अधिकारी से मांग की कि जिले के सभी निजी विद्यालय चाहे राज्य बोर्ड के हो या सी बी एस ई बोर्ड के हो सभी शालाओं मे एक-एक नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएं, ताकि निजी शाला प्रबंधन पालकों के साथ मनमानी ना कर सकें।

सभी सबंधित स्कूल में मुख्य द्वार पर शासन द्वारा नियुक्त नोडल अधिकारी का नाम, मोबाइल नम्बर ई मेल आदि की जानकारी स्पष्ट रूप से लिख सूचना बोर्ड लगाई जाए, ताकि पालकों को अपनी शिकायत दर्ज करने कही भटकना ना पड़े। और अपनी सीधी शिकायत नोडल अधिकारी को करें, जिससे जिला प्रशासन को नियम विरुद्ध कार्य करने वालों पर कार्यवाही समय पर करने में सुविधा हो।

सभी निजी विद्यालयों में छत्तीसगढ़ अशासकीय विद्यालय फीस अधिनियम 12 (क ) के तहत ही फीस का निर्धारण हो। सीजू एन्थोनी ने कहा कि कुछ जागरूक पालकों की वजह से फीस में हो रही अनियमतता का उजागर होती है, परन्तु प्रशासन की उदासीनता के कारण पालकों को इसका सीधा लाभ नहीं मिलता है।

प्रशासन से अपील है कि प्रत्येक पालक से नियम विरुद्ध अधिक वसूल की गई राशि वापस हो, निजी शालाओं द्वारा संचालित बसों में भी अधिक किराया वसूल किया जा रहा है। इन बसों की नियमित जाँच भी सुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत ही आवश्यक है, जिसका अभाव अधिकांश जगह देखा जा रहा है।

शिक्षा का अधिकार सभी विद्यार्थियों का मौलिक अधिकार है, जिसका अनुपालन हर हाल में होना चाहिए, जो भी इस अधिकार से किसी को भी वंचित करेगा या वंचित करने का प्रयास करेगा उनके खिलाफ कठोर कार्यवाही होना चाहिए।

सीजू एन्थोनी ने जिला प्रशासन से मांग की है कि कोई भी निजी विद्यालय अनुचित फीस पालकों से ना ले, शाला गणवेश में हो रहे कमीशन खोरी बंद हो, शाला के मोनो के नाम पर अपने खुद के स्टोर पर गणवेश की बिक्री कर मोटा कमीशन निश्चित रूप से प्रशासन के आंख पर धूल झोकना है। सभी निजी विद्यालय द्वारा शाला गणवेश में प्रयुक्त चिन्हों की अनिवार्यता की समीक्षा होनी चाहिए, ताकि कमीशन खोरी बंद हो।

सीजू एन्थोनी ने सभी निजी विद्यालयों को चेतावनी देते हुए कहा है कि शिक्षा जैसे पवित्र कार्य को दूषित ना करें। किसी भी प्रकार की आर्थिक लूट पाट पालकों से ना करे। कमीशन का खेल बंद करें। नियमानुसार ही फीस लें।

अन्यथा किसी भी प्रकार से शिकायत प्राप्त होने पर सम्बंधित शाला के विरुद्ध जन आंदोलन किया जाएगा, जिसके लिए शाला प्रबंधन स्वयं जिम्मेदार रहेगा और जिला प्रशासन से मांग है कि समस्या बनने से पहले समस्या को रोकने के लिए आवश्यक प्रशासनिक प्रभावी कदम उठाए जाए, ताकि आम जनता को राहत मिले। इस सबंध में प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी पत्र भेज कर शिकायत दर्ज की गई है।