- पिछले चुनाव में अध्यक्ष पद उम्मीदवार रवि भूषण ने बीएसएल के ईडी एचआर से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है।
सूचनाजी न्यूज, बोकारो। बोकारो स्टील प्लांट के अधिकारियों के प्रतिनिधि संगठन बोकारो स्टील ऑफिसर्स एसोसिएशन (BSOA) के आगामी कार्यकाल (2025-27) के चुनाव में हो रही देरी को लेकर अब आवाज उठने लगी है। अधिकारियों के बीच इस विषय को लेकर चर्चा हो रही है। चुनाव प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ कराने की मांग की जा रही है।
बीएसओए अध्यक्ष एके सिंह का कहना है कि चुनाव को लेकर सब सक्रिय हैं। जनरल सेक्रेटरी को मीटिंग बुलाना है। उम्मीद है कि जल्द ही चुनाव की घोषणा कर दी जाएगी। वहीं, महासचिव अजय कुमार पांडेय ने कहा-एक बार फिर से मीटिंग बुलाई जाएगी। 12 मार्च को मीटिंग बुलाई गई थी। काउंसिल मेंबर आए नहीं। कोरम के लिए 13 मेंबर होना चाहिए, जबकि पहुंचे सिर्फ 8 ही। फिर से मीटिंग बुलाएंगे। इसके बाद चुनाव की घोषणा कर दी जाएगी।
BSOA, बोकारो स्टील प्लांट के अधिकारियों का प्रमुख प्रतिनिधि संगठन है, जो उनके हितों की रक्षा एवं कल्याण के लिए कार्य करता है। संगठन में अध्यक्ष, महासचिव एवं कोषाध्यक्ष सहित प्रमुख पदों का चुनाव प्रत्येक दो वर्ष में प्रत्यक्ष मतदान द्वारा किया जाता है, जबकि विभिन्न क्षेत्रों से जोनल प्रतिनिधि भी चुने जाते हैं।
उल्लेखनीय है कि वर्तमान कार्यकारिणी समिति ने 25 फरवरी 2024 को हुए चुनाव के बाद कार्यभार संभाला था। इसके बावजूद अब तक आगामी कार्यकाल 2025-27 के लिए चुनाव संबंधी कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई है, जिससे अधिकारियों में असंतोष बढ़ रहा है।
सूत्रों के अनुसार, चुनाव से पहले कई वैधानिक एवं प्रक्रियात्मक औपचारिकताएं पूरी करनी होती हैं, जिनमें लगभग डेढ़ माह का समय लगता है। ऐसे में समय पर चुनाव प्रक्रिया शुरू न होने से देरी और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
इसी बीच, पिछले चुनाव में अध्यक्ष पद के उम्मीदवार एवं आरएमपी के सहायक महाप्रबंधक रवि भूषण ने बीएसएल के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (एचआर) से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। उन्होंने आग्रह किया है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को बनाए रखने के लिए चुनाव शीघ्र कराए जाएं।
अधिकारियों का मानना है कि समयबद्ध चुनाव संगठन की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए आवश्यक है। ऐसे में प्रबंधन से अपेक्षा की जा रही है कि वह इस मामले में शीघ्र हस्तक्षेप कर चुनाव प्रक्रिया को शुरू कराए, ताकि संगठन में लोकतांत्रिक व्यवस्था मजबूत बनी रहे और अधिकारियों के हित सुरक्षित रह सकें।














