12 फरवरी हड़ताल: बोकारो स्टील प्लांट में जनसंपर्क अभियान, बकाया एरियर पर गुस्से में कर्मचारी

12 February Strike CITU Launches Public Relations Campaign at Bokaro Steel Plant Workers Angry Over Pending Arrears
  • पूंजीवादी संकट के दौर से गुजर रही है दुनिया-सीटू।
  • मजदूरों के अस्तित्व की लड़ाई है 12 फरवरी की हड़ताल।

सूचनाजी न्यूज, बोकारो। केंद्र सरकार और सेल की नीतियों के खिलाफ 12 फरवरी को देशव्यापी हड़ताल होने जा रही है। सेल बोकारो स्टील प्लांट में भी हड़ताल की तैयारियां शुरू कर दी गई है। सीटू ने विभागवार दौरा तेज किया है।

15 जनवरी को आगामी 12 फरवरी की आहूत देशव्यापी हड़ताल के समर्थन में विभागीय जन संपर्क अभियान को तेज करते हुए इस्पात मजदूर मोर्चा के नेतृत्वकारी के सदस्य सिंटर प्लांट पहुंचे। मौके पर उपस्थित मजदूरों को संबोधित करते हुए युनियन के महामंत्री आर के गोरांई ने कहा कि आज पूरी देश और दुनिया पूंजीवादी संकट के दौर से गुजर रही है।

उदारीकरण, निजीकरण व वैश्वीकरण की नीतियों के कारण रोजगार के अवसर घट रहे हैं और आम जनता की हालत बद से बद्तर होते जा रही है। वर्तमान भाजपा की सरकार ने 44 श्रम कानूनों को मात्र 4 श्रम संहिता में बदल दिया है, जिससे मजदूरों के काम के घंटे व उनका सामाजिक सुरक्षा कवच खतरे में पड़ गया है।

ठीक उसी तरह किसानों के लिए तीन काला कृषि कानून लाकर उन्हें खेतों से बेदखल किया जा रहा है। सांप्रदायिक कारपोरेट गठजोड़ से बनी केंद्र सरकार देश की लोकतांत्रिक ढांचे को कमजोर कर रही है। आदिवासी, दलित व अल्पसंख्यको को हासिए में धकेल दिया गया है।

उन्होंने आगे कहा कि आज एक एक करके सामुहिक सौदेबाजी करने की व्यवस्था को दरकिनार करके मालिक पक्षीय निर्णय लिया जा रहा है। मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग को चार साल बितने के बाद भी एग्रीमेंट नहीं बन पाया है।एनजेसीएस के फूल बेंच की बैठक तक सेंट्रल सीएलसी के कहने के बावजूद नहीं हो रही है जिसमें यह कहा गया था कि ढाई महीने के अंदर सभी तरह के विसंगतियों को दूर कर लेना है।

आज मजदूरों में काफी आक्रोश है। उन्हें अपना कमाया हुआ 39 महीने का एरियर अभी तक नहीं मिला है। मजदूरों को अधिकारियों के समान छूट्टियां नहीं मिलती है। डिप्लोमा किए हुए मजदूरों को पहले की तरह एस सिक्स में बहाली नहीं होती है। उन्हें आज एस थ्री में लिया जाता है, जिससे उनमें काफी आक्रोश है।

ठेका मजदूरों की हालत और खराब है। सही सही मजदरी मांगने पर गेट के बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। विभागीय दौरा कार्यक्रम में देव कुमार,आर आर पन्ना, जमील अख्तर, कुंदन कुमार,मथुर गोप,सुरेश साव, जीतू रजक सहित दर्जनों कार्यकर्ता साथ में चल रहे थे।