IISCO Steel Plant Burnpur: सेल आईएसपी ने आरएमएचपी में उन्नत ऑटोमेशन प्रणाली लागू, संचालन होगा अधिक तेज और बढ़ेगी कार्यक्षमता।
- स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता, दीर्घकालिक रखरखाव सुविधा तथा परिचालन निरंतरता में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
सूचनाजी न्यूज, बर्नपुर। सेल इस्को स्टील प्लांट के रॉ मटेरियल हैंडलिंग प्लांट (आरएमएचपी) में ओर हैंडलिंग प्लांट, यार्ड उपकरण तथा वैगन टिपलर हेतु लेवल-1 एचएमआई एवं पीएलसी स्वचालन प्रणाली के उन्नयन कार्य का उद्घाटन निदेशक प्रभारी (बर्नपुर एवं दुर्गापुर स्टील प्लांट) सुरजित मिश्रा द्वारा किया गया। इस अवसर पर संयंत्र के वरिष्ठ अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
लगभग ₹6.6 करोड़ लागत वाली इस महत्वपूर्ण परियोजना के अंतर्गत पुराने एवं अप्रचलित पीएलसी उपकरणों, एचएमआई प्रणाली, इंजीनियरिंग स्टेशनों तथा नेटवर्किंग अवसंरचना को अत्याधुनिक ईथरनेट आधारित स्वचालन तकनीक से उन्नत किया गया है।
मूल उपकरण निर्माता द्वारा अप्रचलित घोषित मुख्य पीएलसी घटकों को नवीनतम पीढ़ी के प्लेटफॉर्म से प्रतिस्थापित किया गया। साथ ही एचएमआई क्लाइंट एवं इंजीनियरिंग स्टेशनों को नवीन विंडोज ऑपरेटिंग सिस्टम, एंटीवायरस सुरक्षा तथा आधुनिक फैक्ट्रीटॉक व्यू एसई स्काडा सॉफ्टवेयर से सुसज्जित किया गया है, जिससे प्रक्रिया नियंत्रण अधिक सुरक्षित, तीव्र एवं विश्वसनीय बन गया है।
परियोजना के अंतर्गत पुरानी कंट्रोलनेट आधारित नेटवर्क प्रणाली को उच्च गति वाली ईथरनेट आधारित रिंग टोपोलॉजी नेटवर्क प्रणाली से प्रतिस्थापित किया गया, जिससे संचार एवं नेटवर्क विफलताओं में उल्लेखनीय कमी आई है। इसके अतिरिक्त उन्नत प्रबंधित ईथरनेट स्विच, कैट-6 यूटीपी केबलिंग, माइक्रो-800 नियंत्रक प्रणाली तथा ईथरनेट आधारित ई-300 इलेक्ट्रॉनिक ओवरलोड रिले प्रणाली स्थापित की गई है, जिससे कन्वेयर प्रणाली की विश्वसनीयता एवं समग्र परिचालन दक्षता में महत्वपूर्ण सुधार हुआ है।
नई प्रणाली के अंतर्गत प्रत्येक वैगन टिपलर के लिए दो-दो ऑपरेटर स्टेशन उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे निरंतर टिपलिंग संचालन सुनिश्चित होगा तथा डेमरेज हानि में कमी आएगी। साथ ही नियंत्रण कक्ष में स्थापित उन्नत एचएमआई ऑपरेटर स्टेशनों के माध्यम से प्रक्रिया निगरानी, अलार्म प्रबंधन, त्रुटि पहचान एवं विश्लेषण प्रणाली और अधिक प्रभावी हुई है।
विशेष रूप से उल्लेखनीय है कि इस परियोजना की निर्धारित पूर्णता अवधि 18 माह थी, जबकि इसे मात्र 5 माह के रिकॉर्ड समय में सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया। परियोजना को स्वीकृत बजट के भीतर टर्नकी आधार पर निष्पादित किया गया तथा उन्नत स्वचालन प्रणाली को वर्तमान संयंत्र संचालन के साथ सफलतापूर्वक एकीकृत एवं चालू किया गया है।
उन्नयन के उपरांत आरएमएचपी की स्वचालन प्रणाली अब अधिक स्थिर, सुरक्षित एवं निर्बाध रूप से कार्य कर रही है। इससे स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता, दीर्घकालिक रखरखाव सुविधा तथा परिचालन निरंतरता में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
यह उपलब्धि आरएमएचपी के आधुनिकीकरण, डिजिटल परिवर्तन एवं तकनीकी उन्नयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है तथा सेल इस्को स्टील प्लांट की आधुनिक, सुरक्षित एवं प्रौद्योगिकी आधारित औद्योगिक संचालन व्यवस्था विकसित करने की प्रतिबद्धता को और अधिक सुदृढ़ करती है।

