‘औद्योगिक वातावरण में सफल जीवन’ पर आध्यात्मिक प्रवचन, ध्यान के माध्यम से जीवन में संतुलन का कर्मचारियों को मिला संदेश

Spiritual discourse on successful life in an industrial environment, message of balance in life through meditation

स्वामीजी ने सही ढंग से ध्यान करने की विधि का प्रदर्शन किया और उपस्थित लोगों को गाइडेड मेडिटेशन का अभ्यास करवाया, जिससे पूरा वातावरण सकारात्मक और शांति से भर उठा।

सूचनाजी न्यूज, राउरकेला। विश्व मेडिटेशन डे के उपलक्ष्य में 9 दिसंबर 2025 को गोपबन्धु ऑडिटोरियम में ‘औद्योगिक वातावरण में सफल जीवन कैसे जिएं’ विषय पर एक विशेष आध्यात्मिक प्रवचन का आयोजन किया गया। दिवाइन लाइफ सोसायटी के उपाध्यक्ष स्वामी निर्लिप्तानंद सरस्वती महाराज मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बी. के. गिरि, ईडी (माइंस डेवलपमेंट–CMLO), बी. आर. पल्लै, ईडी (वर्क्स), एम. पी. सिंह, ईडी (माइंस–OGOM CMLO) समेत संयंत्र के कई वरिष्ठ अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।

अपने उद्बोधन में स्वामी निर्लिप्तानंद ने आध्यात्मिकता के माध्यम से मानसिक शांति और वास्तविक सुख प्राप्त करने के सूत्र साझा किए। भगवद्गीता और उपनिषदों के ज्ञान को आधार बनाते हुए उन्होंने जीवन की अनिश्चितता को पहचानने और अत्यधिक आसक्ति से दूर रहने की सलाह दी। स्वामीजी ने कर्म के सिद्धांत, पुनर्जन्म, ईश्वर की उपस्थिति तथा जीवन, उद्देश्य और अस्तित्व से जुड़े कई जटिल प्रश्नों का सरल और गहन उत्तर देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।

सत्र के अंत में स्वामीजी ने सही ढंग से ध्यान करने की विधि का प्रदर्शन किया और उपस्थित लोगों को गाइडेड मेडिटेशन का अभ्यास करवाया, जिससे पूरा वातावरण सकारात्मक और शांति से भर उठा।

यह उल्लेखनीय है कि स्वामी निर्लिप्तानंद सरस्वती महाराज का पूर्व नाम श्री सुनील पटनायक था, जो ओडिशा कैडर के पूर्व IAS अधिकारी रहे हैं। उन्होंने 23 वर्ष की प्रशासनिक सेवा के बाद 1989 में ओडिशा स्टेट फाइनेंस कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक पद से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ली और 1990 में दिवाइन लाइफ सोसायटी से संन्यासी के रूप में जुड़ गए।

कार्यक्रम में बोलते हुए श्री बी. के. गिरि ने कहा कि भारत आध्यात्मिक मार्ग पर चलते हुए आज विश्व गुरु बनने की आकांक्षा रखता है। उन्होंने सभी से स्वामी निर्लिप्तानंद के विचारों को जीवन में अपनाने की अपील की। इस अवसर पर श्री गिरि और श्री एम. पी. सिंह ने स्वामीजी को उत्तरीय और पुष्पहार पहनाकर सम्मानित किया।

कार्यक्रम की शुरुआत में श्री पी. के. साहू, सीजीएम (L&D) ने अतिथियों का स्वागत किया। श्रीमती अर्चना सत्पथी, जीएम (PR) एवं CoC ने स्वामीजी का परिचय कराया। कार्यक्रम का संचालन श्री एल. मरांडी, सीनियर मैनेजर (L&D) ने किया।