अविलंब जर्जर ब्लॉकों को खाली कराकर उसे ध्वस्त करें। गैर जिम्मेदार अधिकारी को निलंबित कर टीए विभाग से हटाने की मांग।
- सीटू की टीम ने किया दौरा। जिन आवासों में कर्मचारी और पूर्व कर्मचारी रहते हैं, नियमित मरम्मत और रखरखाव की जिम्मेदारी नहीं के बराबर है।
सूचनाजी न्यूज, बोकारो। सेल बोकारो स्टील प्लांट में शुक्रवार सुबह एक और आवास ढह गया। बीएसएल टाउनशिप के जर्जर आवास लगातार गिरते जा रहे हैं। 14 अगस्त को सेक्टर 12-ई के 1285-1290 ब्लॉक की पानी टंकी ढही थी। शुक्रवार को 1280 से 1286 नंबर ब्लॉक का अधिकांश हिस्सा भर-भराकर गिर गया। एक पखवाड़े के भीतर दूसरी घटना ने दहशत फैला दी है। लगातार बारिश की वजह से हालात और बेकाबू होते जा रहे हैं। जर्जर आवास अब जान लेवा हो गए।
शुक्रवार की घटना के वक्त कुछ आवास में थे, उनकी जान सांसत में आ गई। किसी तरह लोगों को बाहर निकाला गया। इसी बीच बीएसएल नगर सेवाएं विभाग की टीम पहुंची। क्षेत्रीय नागरिकों का गुस्सा इनके ऊपर उतर गया। मारपीट की घटना हो गई। बीएसएल कर्मचारी मनीष दीप कंज से मारपीट हुई। नाक से खून आ गया था। बोकारो जनरल हॉस्पिटल में उपचार कराया गया। सेक्टर 12 थाने में सूचना दी गई है।

घटना के बाद सीटू की जांच कमेटी मौके पर पहुंचे। यूनियन के कोषाध्यक्ष देव कुमार ने कहा कि सेल, बोकारो इस्पात प्रबंधन शहर के सौंदर्यीकरण के नाम करोड़ों रुपए खर्च करती है। अतिक्रमण हटाओ अभियान के नाम पर एक पूरा लश्कर चलता है। लेकिन जिन आवासों में उनके कर्मचारी और पूर्व कर्मचारी रहते हैं, उनकी कोई नियमित मरम्मत और रखरखाव की जिम्मेवारी नहीं के बराबर है।

सुबह क्वार्टर नंबर 1283 से लेकर 1288 पूरी तरह ध्वस्त हो गया। गनीमत रही कि किसी की जान नहीं गई। पूरे सेक्टर 12 के कर्मचारी और पूर्व कर्मचारी भयाक्रांत हैं। उन्होंने आगे कहा कि यह आश्चर्यजनक है कि उसी ब्लॉक की टंकी और सीढ़ी पिछले दिनों इसी तरह धंस जाने के बावजूद उसे खाली नहीं कराया गया था। 14 अगस्त की घटना से सबक नहीं लिया गया।

अतः बोकारो प्रबंधन से यूनियन मांग करती है कि अविलंब जर्जर ब्लॉकों को खाली कराकर उसे ध्वस्त किया जाए। गैर जिम्मेदार अधिकारी को निलंबित करते हुए टीए विभाग से हटाया जाए। घटनाओं की निष्पक्ष जांच कमिटी बनाई जाए। कर्मचारियों और पूर्व कर्मचारियों को सुरक्षित आवास मुहैया कराई जाए। आवास अनुरक्षण की गुणवत्ता की जांच की जाए। जांच पड़ताल कमेटी में देव कुमार, इश्तियाक अंसारी, संजय अंबेडकर,आर एन सिंह आदि शामिल थे।
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