जिन कर्मचारियों ने कंपनी द्वारा उपलब्ध कराए गए आवास या क्वार्टर को स्वीकार नहीं किया है, वे HRA के पात्र नहीं माने जाएंगे।
- फैसले में यह भी साफ किया गया है कि HRA का निर्धारण समय-समय पर लागू NCWA और संबंधित कार्यान्वयन निर्देशों के अनुरूप ही होगा।
सूचनाजी न्यूज, पश्चिम बंगाल। Eastern Coalfields Limited को हाउस रेंट अलाउंस (HRA) मामले में कलकत्ता उच्च न्यायालय से बड़ी राहत मिली है। “Eastern Coalfields Ltd. Vs Union of India & Anr.” शीर्षक से दायर WPA 8870 of 2024 मामले में माननीय उच्च न्यायालय ने 11 मई को ईसीएल के पक्ष में फैसला सुनाया है।
अदालत ने केंद्रीय सरकार औद्योगिक न्यायाधिकरण-सह-श्रम न्यायालय, आसनसोल द्वारा 26 अप्रैल 2023 को पारित उस आदेश को निरस्त कर दिया, जिसमें आसनसोल नगर निगम क्षेत्र में कार्यरत कुछ कर्मचारियों के लिए HRA बढ़ाने का निर्देश दिया गया था।
न्यायालय ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि कोयला उद्योग के कर्मचारियों के लिए HRA से संबंधित नियम राष्ट्रीय कोल वेज एग्रीमेंट (NCWA) और ज्वाइंट बाइपारटाइट कमेटी फॉर कोल इंडस्ट्री (JBCCI) के तहत सामूहिक सौदेबाजी से तय कार्यान्वयन निर्देशों के अनुसार ही संचालित होंगे।
अदालत ने यह भी कहा कि केंद्र सरकार के कर्मचारियों पर लागू सामान्य सरकारी अधिसूचनाएं, कोयला उद्योग कर्मचारियों पर लागू NCWA के विशेष प्रावधानों को प्रभावित नहीं कर सकतीं। यानी कोल सेक्टर के कर्मचारियों के लिए वही नियम प्रभावी होंगे, जो NCWA में निर्धारित हैं।
फैसले में यह भी साफ किया गया है कि HRA का निर्धारण समय-समय पर लागू NCWA और संबंधित कार्यान्वयन निर्देशों के अनुरूप ही होगा। साथ ही, जिन कर्मचारियों ने कंपनी द्वारा उपलब्ध कराए गए आवास या क्वार्टर को स्वीकार नहीं किया है, वे NCWA के प्रावधानों के अनुसार HRA के पात्र नहीं माने जाएंगे।
कोयला उद्योग में इस फैसले को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। माना जा रहा है कि इससे वेतन समझौतों के एकरूप क्रियान्वयन को मजबूती मिलेगी और सामूहिक समझौतों की गरिमा एवं पवित्रता भी बनी रहेगी।

