इंटक नेताओं ने भिलाई इस्पात संयंत्र के बीआरएम एवं एमडब्ल्यूआरएम के मुख्य महाप्रबंधक योगेश शास्त्री के साथ बैठक कर मुद्दे हल करने की मांग की।
- कर्मचारियों की मेहनत एवं भागीदारी से संयंत्र उत्पादन और उत्पादकता के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है।
सूचनाजी न्यूज, भिलाई। स्टील एम्प्लाइज यूनियन-इंटक के प्रतिनिधिमंडल ने भिलाई इस्पात संयंत्र के बीआरएम एवं एमडब्ल्यूआरएम के मुख्य महाप्रबंधक योगेश शास्त्री के साथ बैठक कर कर्मचारियों की विभिन्न मांगों एवं समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की।
यूनियन के महासचिव संजय कुमार साहू ने कहा कि भिलाई इस्पात संयंत्र में कर्मचारियों के अथक परिश्रम से उत्पादन, उत्पादकता एवं लाभार्जन में लगातार वृद्धि हुई है, लेकिन इसके अनुपात में कर्मचारियों को मिलने वाला मंथली इंसेंटिव बहुत कम है। उन्होंने कहा कि सेल के अन्य संयंत्रों की तुलना में भी बीएसपी कर्मचारियों को कम इंसेंटिव मिल रहा है। इसलिए मंथली इंसेंटिव स्कीम को जल्द से जल्द रिवाइज किया जाए। साथ ही कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाने के लिए नॉन-फाइनेंशियल मोटिवेशन स्कीम को तत्काल शुरू करने की मांग की गई।
यूनियन के कार्यकारी अध्यक्ष पूरन वर्मा ने सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने की मांग करते हुए कहा कि कार्यस्थल पर ठेका श्रमिकों को उपलब्ध कराई जाने वाली सुरक्षा सामग्री की गुणवत्ता नियमित कर्मचारियों को दी जाने वाली सुरक्षा सामग्री के समान होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रबंधन द्वारा सुरक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयास सराहनीय हैं, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने की आवश्यकता है।
उप महासचिव सी.पी. वर्मा ने मर्चेंट मिल एवं वायर रॉड मिल की समस्याओं को उठाते हुए कहा कि मिल के ऊपर लगी कई शीट जर्जर हो चुकी हैं, जिसके कारण बरसात के दौरान मिल के अंदर पानी गिरता है। इससे मशीनों एवं अन्य उपकरणों के खराब होने की संभावना बनी रहती है। उन्होंने उत्पादन क्षमता बढ़ाने के लिए आवश्यक मॉडिफिकेशन एवं आधुनिकीकरण किए जाने की भी मांग की।
यूनियन के सचिव अजय शाह एवं यशजीत चौहान ने कर्मचारियों एवं ठेका श्रमिकों के लिए रेस्ट रूम का उचित संधारण, पर्याप्त बेंच की व्यवस्था तथा कार्यस्थलों पर सुलभ इंटरनेशनल के मानक के अनुरूप टॉयलेट सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही सुरक्षा सामग्री की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने की बात कही।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि कर्मचारियों की मेहनत एवं भागीदारी से संयंत्र उत्पादन और उत्पादकता के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है। इसलिए कर्मचारियों के मनोबल एवं कार्यक्षमता को बढ़ाने के लिए इंसेंटिव में समयानुकूल संशोधन, बेहतर सुविधाएं तथा प्रभावी मोटिवेशन स्कीम लागू करना आवश्यक है।
बैठक में प्रमुख रूप से महासचिव संजय कुमार साहू, कार्यकारी अध्यक्ष पूरन वर्मा, उप महासचिव सी.पी. वर्मा, दीनानाथ सिंह सार्वा, यशजीत चौहान, अजय शाह, सचिन महतो, कामता प्रसाद एवं नरेंद्र उपस्थित थे।




