देशभर के सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन होंगे। संगठन ने अधिक से अधिक श्रमिकों से आंदोलन में भाग लेने की अपील की है।
- यदि कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
सूचनाजी न्यूज, दिल्ली। कर्मचारियों की मांग और केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ भारतीय मजदूर संघ-बीएमएस भी आंदोलन करने जा रही है। BMS ने 17 अगस्त को देशव्यापी आंदोलन का किया आह्वान, कर्मचारियों की 11 सूत्री मांगों को लेकर प्रदर्शन होगा। 17 अगस्त 2026 को देशभर के सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। संगठन ने अधिक से अधिक श्रमिकों से आंदोलन में भाग लेने की अपील की है।
कर्मचारियों की विभिन्न मांगों और केंद्र सरकार की श्रम एवं सामाजिक सुरक्षा संबंधी नीतियों के विरोध में भारतीय मजदूर संघ (BMS) ने 17 अगस्त 2026 को देशव्यापी आंदोलन का आह्वान किया है। इस मजदूरों की 11 प्रमुख मांगों को तत्काल लागू करने की मांग की गई है।
उरकेला इस्पात कारखाना कर्मचारी संघ के महामंत्री एवं सह उद्योग प्रभारी हिमांशु शेखर बल ने कहा कि कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए मजदूर एकजुट हैं। उन्होंने बताया कि लंबे समय से लंबित मांगों पर सरकार द्वारा ठोस निर्णय नहीं लिए जाने के कारण देशभर के श्रमिक आंदोलन के लिए तैयार हैं। उनका कहना है कि यदि कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
केंद्र सरकार से निम्नलिखित मांगें तत्काल लागू करने की अपील
न्यूनतम वेतन ₹30,000 प्रतिमाह किया जाए।
ESI की वेतन सीमा बढ़ाकर ₹42,000 की जाए।
EPFO की वेतन सीमा ₹30,000 की जाए।
योजना कर्मियों के मानदेय में वृद्धि की जाए।
ग्रेच्युटी की सीमा बढ़ाकर ₹40 लाख की जाए।
बैंकिंग क्षेत्र में पांच दिवसीय कार्य सप्ताह लागू किया जाए।
बोनस की सीमा में वृद्धि की जाए।
बोनस पात्रता की शर्तों को उदार बनाया जाए।
न्यूनतम पेंशन ₹7,500 प्रतिमाह के साथ महंगाई भत्ता एवं चिकित्सा सुविधा लागू की जाए।
असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा का व्यापक लाभ दिया जाए।
समान कार्य के लिए समान वेतन की व्यवस्था लागू की जाए तथा आउटसोर्स कर्मचारियों पर भी इसे लागू किया जाए।

